Gold Silver Price Today: वैश्विक बाजार में उठापटक का असर भारत में सोने-चांदी की कीमतों पर साफ दिख रहा है। चांदी के दाम में जबरदस्त गिरावट आई है और यह 5370 रुपये घटकर 2.63 लाख रुपये प्रति किलो हो गई है। सोने के दाम भी 720 रुपये की गिरावट के साथ 1.60 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ चुके हैं। ऑल इंडिया सर्राफा एसोसिएशन के मुताबिक, गुरुवार को सोने-चांदी के भाव में उलटफेर नजर आया। जहां चांदी की कीमत में उछाल देखा गया, वहीं सोने के दाम में कमी आई। विशेषज्ञों का मानना है कि डॉलर की मजबूती से सोने के दामों पर दबाव बढ़ा है। जब डॉलर मजबूत होता है, तो सोने की अंतरराष्ट्रीय कीमतें बढ़ जाती हैं, जिससे निवेशकों की मांग कम होती है और दाम गिरने लगते हैं। अमेरिका के ताजा महंगाई आंकड़े भी बाजार की चाल पर असर डाल रहे हैं, जिससे फेडरल रिजर्व की ब्याज दर नीति में बदलाव की उम्मीदें कम हो गई हैं। ब्याज न देने वाली संपत्ति होने के कारण सोना ऊंची ब्याज दरों के समय कम आकर्षक होता है।
चांदी में तेज़ी, सोना लुढ़का
अंतरराष्ट्रीय बाजार की हलचल का असर भारत के सर्राफा बाजार पर भी पड़ रहा है। जहां चांदी के दामों में उछाल देखा जा रहा है, वहीं सोने की कीमतों में गिरावट का सिलसिला जारी है। विशेषज्ञों का कहना है कि पिछले कुछ समय से सोने और चांदी ने रिकॉर्ड स्तर छू लिया था, जिससे मुनाफावसूली की शुरुआत हो गई है।
डॉलर की मजबूती से बढ़ा दबाव
सोने के दामों पर डॉलर की मजबूती का असर साफ देखा जा रहा है। जब डॉलर की कीमत बढ़ती है, तो सोना महंगा हो जाता है और निवेशकों की मांग घटने लगती है। इससे सोने के दामों में गिरावट दर्ज की जाती है। वहीं, अमेरिकी महंगाई के हालिया आंकड़ों ने यह संकेत दिया है कि फेडरल रिजर्व जल्दबाजी में ब्याज दरों में कटौती नहीं करेगा।
औद्योगिक मांग ने बढ़ाई चांदी की चमक
जहां सोने की कीमतें गिर रही हैं, वहीं चांदी की मांग बढ़ती जा रही है। औद्योगिक जरूरतों और निवेशकों की रुचि के चलते चांदी के दामों में मजबूती बनी हुई है। विश्लेषकों के अनुसार, चांदी की कीमतों पर औद्योगिक मांग का गहरा प्रभाव पड़ता है।
व्यापारियों के मुताबिक, सर्राफा बाजार में चांदी की मांग में तेजी आई है। वहीं, विशेषज्ञ कहते हैं कि निवेशक इस समय सोने की बजाय अन्य विकल्पों की ओर रुख कर रहे हैं। बाजार में जारी इस उथल-पुथल का असर आने वाले दिनों में भी देखा जा सकता है।




