Chand Mera Dil: अनन्या पांडे के भरतनाट्यम पर मचा बवाल, सोशल मीडिया पर छिड़ी क्लासिकल वर्सेस बॉलीवुड की जंग

Chand Mera Dil: फिल्म चांद मेरा दिल में अनन्या पांडे के भरतनाट्यम डांस पर सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई है, यूजर्स ने इसे बताया रोबोटिक।

Rupali kumawat
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Rupali kumawat - Sub Editor
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Chand Mera Dil: सोशल मीडिया पर इन दिनों एक वीडियो ने तहलका मचा रखा है और यह बहस का विषय बन गया है कि क्या बॉलीवुड सितारे शास्त्रीय नृत्य की बारीकियों के साथ न्याय कर पाते हैं। दरअसल, आगामी फिल्म चांद मेरा दिल के एक नए प्रोमो में अभिनेत्री अनन्या पांडे पारंपरिक दक्षिण भारतीय अवतार में भरतनाट्यम करती नजर आ रही हैं। सिल्क की साड़ी, टेम्पल ज्वेलरी और क्लासिकल मेकअप में अनन्या विजुअली तो काफी आकर्षक लग रही हैं, लेकिन जैसे ही उन्होंने नृत्य की मुद्राएं दिखाईं, इंटरनेट पर आलोचनाओं का सैलाब उमड़ पड़ा। दर्शकों के एक बड़े वर्ग ने उनके डांस स्टेप्स और बॉडी लैंग्वेज को लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी है। लोगों का कहना है कि यह परफॉरमेंस किसी मंझे हुए कलाकार की तरह नहीं, बल्कि एक रटे-रटाए रोबोटिक एक्ट की तरह लग रही है।

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क्या वाकई मशीन जैसा था अनन्या का डांस?

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म जैसे ट्विटर, इंस्टाग्राम और रेडिट पर अनन्या पांडे की इस कलात्मक कोशिश को लेकर लोग दो गुटों में बंट गए हैं। ट्रोलर्स ने उनके चेहरे के भावों को बेहद कठोर और भावशून्य बताया है। एक नाराज यूजर ने तो यहां तक लिख दिया कि भरतनाट्यम सिर्फ हाथ हिलाना नहीं, बल्कि आत्मा और चेहरे के भावों का संगम है, जिसकी अनन्या के डांस में भारी कमी दिखी। आलोचकों के अनुसार उनके एक्सप्रेशन्स में वो गहराई और नैचुरलिटी गायब थी जो इस प्राचीन नृत्य शैली की पहचान होती है। हालांकि, विवाद के बीच अनन्या के वफादार फैंस उनके बचाव में ढाल बनकर खड़े हो गए हैं। प्रशंसकों का तर्क है कि बॉलीवुड में अक्सर आइटम नंबर्स का बोलबाला रहता है, ऐसे में किसी अभिनेत्री का अपने कम्फर्ट जोन से बाहर निकलकर शास्त्रीय नृत्य को अपनाना एक साहसिक और सराहनीय कदम है।

एक्सपर्ट्स को क्यों खटकी अनन्या की मुद्राएं?

चांद मेरा दिल के इस चर्चित डांस सीक्वेंस ने सिर्फ आम जनता ही नहीं बल्कि नृत्य जगत के जानकारों का ध्यान भी अपनी ओर खींचा है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि भरतनाट्यम में ‘अरमंडी’ यानी शरीर का संतुलन और हाथों की मुद्राओं का सटीक होना अनिवार्य है, जिसमें अनन्या तकनीकी रूप से काफी कमजोर नजर आईं। फिल्म के प्रोमो में लक्ष्य के सीन्स की जहां तारीफ हो रही है, वहीं अनन्या की एक्टिंग और डांस पर सवाल उठ रहे हैं। बहस इस बात पर भी छिड़ गई है कि क्या फिल्मों में ग्लैमर का तड़का लगाने के लिए शास्त्रीय कलाओं की आत्मा के साथ खिलवाड़ किया जाता है। फिलहाल आलम यह है कि यह वीडियो मनोरंजन के साथ-साथ बॉलीवुड की प्रेजेंटेशन स्किल पर एक बड़ा सवालिया निशान बन गया है, जिसका जवाब फिल्म रिलीज होने के बाद ही मिल पाएगा।

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रुपाली कुमावत पिछले कई वर्षों से लेखन क्षेत्र में कार्यरत हैं। उनको हिंदी कविताएं, कहानियां लिखने के अलावा ब्रेकिंग, लेटेस्ट व ट्रेंडिंग न्यूज स्टोरी कवर करने में रुचि हैं। उन्होंने राजस्थान यूनिवर्सिटी से BADM में M.Com किया हैं एवं पंडित दीनदयाल शेखावाटी यूनिवर्सिटी से family law में LL.M किया हैं। रुपाली कुमावत के लेख Focus her life, (राजस्थान पत्रिका), सीकर पत्रिका, https://foucs24news.com, खबर लाइव पटना जैसे मीडिया संस्थानों में छप चुके हैं। फिलहाल रुपाली कुमावत 89.6 एफएम सीकर में बतौर न्यूज कंटेंट राइटर अपनी सेवाएं दे रही हैं।
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