Anant Nag Dadasaheb Phalke: भारतीय सिनेमा के पर्दे पर पांच दशकों तक अपनी अदाकारी का जादू बिखेरने वाले दिग्गज अभिनेता अनंत नाग के नाम एक और सुनहरा अध्याय जुड़ गया है। भारत सरकार ने साल 2024 के प्रतिष्ठित दादासाहेब फाल्के पुरस्कार के लिए उनके नाम की घोषणा कर दी है। यह सम्मान उन्हें 22 सितंबर 2026 को गुजरात के एकता नगर, केवड़िया में आयोजित होने वाले 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह में दिया जाएगा। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू खुद अपने हाथों से सिनेमा के इस सबसे बड़े रत्न को सम्मानित करेंगी। खास बात यह है कि दादासाहेब फाल्के चयन समिति की सिफारिशों के बाद उनके लंबे और बेमिसाल फिल्मी सफर को देखते हुए यह बड़ा फैसला लिया गया है।
क्या रहा है अनंत नाग का फिल्मी सफर?
अनंत नाग का जन्म 4 सितंबर 1948 को हुआ था और उनका पूरा नाम अनंत नागरकट्टे है। अभिनय की दुनिया में कदम रखने से पहले उन्होंने थिएटर के मंच पर पसीना बहाया और अपनी कला को निखारा। उन्होंने अपने करियर में 300 से ज्यादा फिल्मों में काम किया है। कन्नड़ सिनेमा के वह बेताज बादशाह रहे ही हैं, लेकिन हिंदी सिनेमा के दर्शक उन्हें श्याम बेनेगल की फिल्म अंकुर और 70-80 के दशक के समानांतर सिनेमा की वजह से आज भी याद करते हैं। नई पीढ़ी के बीच उनकी लोकप्रियता फिल्म केजीएफ और केजीएफ चैप्टर 2 के जरिए फिर से चरम पर पहुंच गई थी।
कैसे बने घर घर की पसंद?
केवल बड़े पर्दे पर ही नहीं, बल्कि छोटे पर्दे पर भी अनंत नाग ने अपनी एक अलग पहचान बनाई। दूरदर्शन का ऐतिहासिक धारावाहिक मालगुडी डेज भला कौन भूल सकता है। आरके नारायण की कहानियों पर आधारित इस सीरीज ने उन्हें भारत के हर घर में एक जाना पहचाना चेहरा बना दिया था। उनकी इसी बहुमुखी प्रतिभा और सहज अभिनय की सराहना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी की है। प्रधानमंत्री ने उनके किरदारों में भावनाओं को गहराई से उतारने की कला को अद्भुत बताया है।
कितने खास हैं यह पुरस्कार?
सिनेमा जगत में दिए जाने वाले सम्मानों की सूची में दादासाहेब फाल्के का स्थान सबसे ऊपर आता है। इससे पहले साल 2025 में अभिनेता मोहनलाल को साल 2023 के लिए और 2024 में मिथुन चक्रवर्ती को साल 2022 के लिए यह सम्मान मिल चुका है। अनंत नाग को इससे पहले साल 2025 में पद्म भूषण से भी नवाजा जा चुका है। अब 2026 में होने वाले समारोह में जब वह यह सम्मान ग्रहण करेंगे, तो यह उनके पांच दशक से ज्यादा लंबे संघर्ष और समर्पण की सबसे बड़ी जीत होगी।
Want a Website like this?
Designed & Optimized by Naveen Parmuwal
Journalist | SEO | WordPress Expert


