रविवार को जालौर के ऐतिहासिक किले में स्थित बायोसा माता मंदिर के दर्शन को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया। कथा वाचक अभ्यास महाराज (अभय दास महाराज) और उनके समर्थकों ने मंदिर में दर्शन करने की कोशिश की, लेकिन जिला प्रशासन और पुलिस ने उन्हें रोक दिया। यह स्थिति सांप्रदायिक तनाव की आशंका के चलते प्रशासन द्वारा उठाए गए कदमों के विरोध में उत्पन्न हुई।
मंदिर दर्शन पर रोक का विरोध
दो दिन पहले कथा के दौरान महाराज ने बायोसा माता मंदिर के पास स्थित एक मजार को लेकर विवादित बयान दिया था, जिससे प्रशासन सतर्क हो गया। शनिवार को महाराज अपने समर्थकों के साथ मंदिर जाने के लिए रवाना हुए, लेकिन प्रशासन ने उन्हें रोक दिया। इस पर महाराज ने मंच से प्रशासन को ललकारते हुए कहा कि वह बायोसा माता के दर्शन जरूर करेंगे।
पुलिस और समर्थकों के बीच टकराव
इसके बाद महाराज बजरंग दल और सैकड़ों समर्थकों के साथ मंदिर की ओर बढ़े। जैसे ही उनका काफिला किले की घाटी की ओर पहुंचा, पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की। महाराज पुलिस को चकमा देकर भीनमाल रोड बाईपास होते हुए कालका कॉलोनी पहुंचे और एक मकान की छत पर चढ़ गए। महाराज की तबीयत बिगड़ने की जानकारी मिलने पर एंबुलेंस बुलाई गई, लेकिन उन्होंने एंबुलेंस में जाने से इनकार कर छत पर ही कथा करने की बात कही।




